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अगर फेफड़ा खराब हो जाए तो व्यक्ति कितने दिन तक जीवित रह सकता है :फेफड़े साफ कैसे करे ।

फेफड़े को फुप्फुस के नाम से भी जाना जाता है, फेफड़ा हमारे शरीर का एक अभिन्न अंग है। बिना फेफड़े के मनुष्य के शरीर की कल्पना ही नही की जा सकती है।हमारे फेफड़े सांस लेने और छोड़ने दोनो का कार्य करते है, लेकिन अगर यही फेफड़े सही तरीके से कार्य करने में असमर्थ हो जाए तो हमे सांस लेने में भी परेशानी हो सकती हैं। हमारे फेफड़े खराब होने के कई सारे कारण हो सकते है जैसी की गलत खान–पान, पर्यावरण प्रदूषण, धूम्रपान, स्मोकिंग आदि कारण हो सकते है। फेफड़े खराब होने से हम कई सारी बीमारियो से ग्रसित हो सकते है, ऐसे में इन बीमारियो से बचने और अपने फेफड़ो को साफ रखने के लिए हमे कुछ उपाय की आवश्यकता होती है, तो चलिए आज इस लेख मे हम फेफड़ा कैसे साफ करें, फेफड़ा खराब होने पर कितना दिन तक जीवित रह सकता है आदमी तथा फेफड़ों से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण बातों पर जानकारी देने की कोशिश करेंगे।

अगर फेफड़ा खराब हो जाए तो व्यक्ति कितने दिन तक जीवित रह सकता है :फेफड़े साफ कैसे करे ।

फेफड़ा क्या है (what is lung in Hindi):

फेफड़ा हमारे हृदय के पास छाती गुहा के अंदर होता है।यह हमारे छाती गुहा के अंदर एक जोड़ी में रहता है,इन फेफड़ो को दाए और बाए फेफड़े के रूप में संबोधित किया जाता है, दायां फेफड़ा तीन खंडों में और बायां फेफड़ा दो खंडों में बंटा होता है। हमारा बायां फेफड़ा हमारे दाएं फेफड़े से थोड़ा छोटा है, क्योंकि हमारा दिल बाईं ओर कुछ जगह ले लेता है। फेफड़े हमारे स्वसन तंत्र के लिए मुख्य अंग है,यह शरीर को ऑक्सीजन की आपूर्ति करती है, और शरीर से कार्बन डाइऑक्साइड को हटाती है।

फेफड़ा का कार्य (lung function in Hindi):

फेफड़ा का कार्य हमारे रक्त को शुद्ध करना और शरीर में ऑक्सीजन की आपूर्ति करना और शरीर में से कार्बन डाइऑक्साइड (CO2) को बाहर निकलना है।इसे और आसान भाषा में समझे तो

जब हम सांस लेते है तो वो हमारे नाक से होती हुई हमारे फेफड़ों तक पहुंचती है और फेफड़े फैल जाते है। और आयी हुई हवा को शुद्ध करने लग जाते है। शुद्ध हवा ख़ून के ज़रिये सभी अंगों तक पोहचती है और अशुद्ध हवा (कार्बनडीआक्सीड) के रूप मे स्वाश नाली से होती हुई नाक से बाहर निकल जाती है।

*साथ ही फेफड़ा हमारे वायु मार्ग को ढकने वाला बलगम बैक्टीरिया और धूल के कणों को फंसाने में मदद करता है।

फेफड़ा खराब होने के कारण Causes of lung damage):

अगर आप निम्न स्थानों पर ज्यादा देर तक या संपर्क में रहते है तो आप के फेफड़े को खराब होने की संभावना हो सकती हैं।
धुआं
अगर आप ऐसी जगह पर रहते है या कम करते है जहा पर बहुत ज्यादा धुआं, सिगरेट,शराब,या नशीले पदार्थ का सेवन करते है तो ऐसे में इनमे पाए जाने वाले जहरीले पदार्थ फेफड़े में सूजन को ट्रिगर करते हैं और लंग्स स्ट्रक्चर को नष्ट कर देते हैं.

केमिकल्स:
अगर आप ऐसे जगह पर रहते हो जहा पर केमिकल का बहुत ज्यादा प्रयोग हो रहा है तो ऐसे में केमिकल से भरी हवा में जहरीली गैस,आपके नाको के माध्यम से फेफड़े तक जाती रहती है,जिसके कारण से आपका फेफड़ा खराब हो सकता है।और कई गंभीर बीमारियों का खतरा हो सकता है.

धूल:
अगर आप लंबे समय तक बहुत ज्यादा धूल वाले जगह पर काम करते हो तो ऐसे में हमारे फेफड़ो में धूल के कण जमा होने लगते हैं जो हमारे वायुमार्ग को घायल कर देते हैं. .

मोल्ड:
अगर बहुत अधिक नमी मौजूद है, तो मोल्ड बढ़ सकता है और आपके वायुमार्ग के लिए हानिकारक हो सकता है.

प्रदूषण:
हमारे फेफड़ो के खराब होने का कारण प्रदूषण भी हो सकता है।लगातार बढ़ते प्रदूषण के सांस लेने से न केवल आपके वायुमार्ग में जलन हो सकती है, बल्कि यह लंबे समय तक फेफड़ों को नुकसान भी पहुंचा सकता है.

गलत खान–पान:
हमारा खान पान और हमारी जीवनशैली भी हमारे फेफड़े को प्राधावित करती है,फेफड़ो से संबंधित बीमारियो को कम करने के लिए हमे हरी सब्जियों,फलों का सेवन करने चाहिए।

व्यायाम में कमी:
आजकल लोग व्यायाम करने से कतराते है,व्यायाम करने से हमारी रेस्पिरेटरी सिस्टम मजबूत होती है,साथ ही ये हमे कई सारी बीमारियो से बचाने में मदद करता हैं

फेफड़े खराब होने पर होने वाली बीमारिया (lung disease in Hindi):

फेफड़ों में समस्या होने पर व्यक्ति के शरीर में ऑक्सीजन का प्रवाह अवरुद्ध होने लगता है और इसकी वजह से उसका जीवन खतरे में पड़ सकता है. इसके अलावा व्यक्ति निम्न बीमारियो से ग्रसित हो सकता हैं
  • अस्थमा
  •  ब्रोंकाइटिस
  •  निमोनिया
  •  टीबी
  •  आईएलडी
  • फेफड़ों का कैंसर, आदि

फेफडे खराब होने के लक्षण (symptoms of lung damage):

अगर आपको लगता हैं की आपके फेफड़े खराब है तो ऐसे में आपको निम्न लक्षण देखने को मिल सकते है।

खांसी में खून:
अगर आपको खांसी हफ्तेभर से आ रही है, या खांसी में खून आ रहा है तो ये आपके फेफड़े की खराबी की ओर इशारा करता है. ऐसे में लापरवाही ना करे तुरंत किसी अच्छे डॉक्टर से परामर्श करें।

सांस लेने में तकलीफ:
अगर आपको सांस लेने में तकलीफ है और ये स्थिति करीब 15 दिनों से बनी हुई है, तो आपको डॉक्टर से परामर्श कर लेना चाहिए, वर्ना ये समस्या गंभीर भी हो सकती है.

बलगम और घरघराहट:
अगर किसी व्यक्ति को करीब महीने भर से बलगम की समस्या है,और सांस लेते वक्त या सोने पर घरघराहट की आवाज आती है तो ऐसे में समझ लीजिए कि उसको सांस से जुड़ी कोई परेशानी हो सकती है. ऐसे में विशेषज्ञ से समय रहते संपर्क करना जरूरी है।

वजन घटना:
अगर आपका वजन अचानक से घटने लगे तो ऐसे में आपको कई बीमारियो के होने का खतरा बढ़ सकता है जैसे की ट्यूमर, कैंसर,फेफड़े खराब होना आदि कई बिमारिया हो सकती है ,ऐसे में आपको फौरन अलर्ट हो जाना चाहिए. सामान्य समझकर इसे इग्नोर न करें.

पैरों में सूजन या दर्द:
अगर आपके पैरो में सूजन या दर्द हमेशा बना रहता है तो ऐसे में हो सकता है की आप के फेफड़े खराब हो रहे हो,ऐसे में लापरवाही ना करे अपने नजदीकी डॉक्टर से संपर्क करें।

लगातार थकान महसूस होना:
अगर आप कोई भी कार्य करने पर तुरंत थक जाते है,या फिर अंदर से कमजोर महसूस करते है तो ये भी लक्षण आपके फेफड़े के खराब होने के संकेत हो सकते है।

फेफड़े स्वस्थ्य बनाने के लिए क्या खाए (what to eat to make lungs healthy):

फेफड़ो को स्वास्थ्य बनाए रखने के लिए आवश्यक है की हम अपने खान पान पर विशेष ध्यान दे।तो चलिए आज के लेख में हम  फेफड़ो को स्वस्थ बनाए रखने के लिए क्या खाए इसके बारे में चर्चा करते है।

1. पत्तेदार सब्जियां का प्रयोग करे:–
हमे अपने फेफड़ो को मजबूत बनाने के लिए हरी पत्तेदार सब्जियां जैसे (पत्तागोभी, फूलगोभी, ब्रोकली,पालक) प्रयोग में लेना चाहिए।ये सभी सब्जियां फेफड़ों के कैंसर की प्रगति को रोकने और फेफड़ों के कैंसर के विकास के जोखिम को आधा गुण पाए जाते हैं । ये सब्जियां क्लोरोफिल में समृद्ध हैं जो हमारे रक्त को साफ और बनाता है और कुछ बहुत प्रभावी एंटीऑक्सीडेंट से भरा होता है।।

2. लाइकोपेन से भरपूर आहार का सेवन करें:–
फेफड़ों को स्वस्थ रखने के लिए आपको ऐसा आहार लेना चाहिए, जो लाइकोपेन युक्त हो। इसके लिए आप गाजर, पपीता, शकरकंद, टमाटर और तरबूज जैसी चीजें खा सकते हैं। इससे आपके फेफड़े मजबूत होने में मदद मिल सकती है।

3. विटामिन सी और फाइबर का सेवन करे:–
हमे अपने फेफड़ो को मजबूत बनाने के लिए खट्टे फलों (संतरा,अंगूर,चकोतरा,नींबू) का सेवन करना चाहिए क्योंकि खट्टे फलों में रोग प्रतिरोधक क्षमता और हाई फाइबर पाए जाते हैं,जो हमारे फेफड़ो के लिए फायदेमंद होता है।इसके साथ ही हमे अनार और सेब का सेवन करना चाहिए क्योंकि
अनार हमारे शरीर में खून बढ़ाने का काम करने के साथ ही फेफड़ों की क्लीनिंग में बड़ा रोल प्ले करता है। वहीं सेब में विटमिन ई और सी दोनों होते हैं। ये दोनों ही फल हमें लंग्स कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से बचाने में भी बड़ा रोल प्ले करते हैं। 


4. धूम्रपान न करें:–
फेफड़ों को स्वस्थ रखने के लिए सबसे जरूरी है कि धूम्रपान न किया जाए। ऐसा करते समय फेफड़ों में निकोटीन, कार्बन मोनोऑक्साइड और टार समेत सैकड़ों ऐसे रसायन मानव शरीर के अंदर चले जाते हैं, जिससे फेफड़ों के ऊतकों में सूजन होने लगती हैं। इसलिए फेफड़ों को नुकसान न पहुंचे इसके लिए धूम्रपान से दूर रहे।

5. सांस लेने के व्यायाम करें :–
व्यायाम करना हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत ही फायदेमंद माना जाता हैं साँस लेने के कई व्यायाम हैं जो आप कर सकते हैं जो आपके फेफड़ों को स्वस्थ रखने में मदद करते हैं।इसके साथ ही आप रोज सुबह शाम टहलने से भी फेफड़ो को स्वस्थ बनाए रखने में मदद मिलती है।

फेफड़े साफ कैसे करे (how to clean lungs in Hindi):

फेफड़े को साफ रखने के लिए आप कुछ घरेलू उपाय अपनाकर उसे ठीक कर सकते है।लेकिन ध्यान रहे ये आपको फेफड़े में हल्का इन्फेक्शन होने पर ही प्रयोग करे या फिर किसी आयुर्वेदिक चिकित्सा से संपर्क करे।

प्याज और लहसुन से फेफड़े साफ करे (Cleanse the lungs with onions and garlic):

प्याज और लहसुन दोनो में ऐंटीऑक्सीडेंट्स और ऐंटीफंगल गुण पाए जाते है जो फेफड़ों में सांस के जरिए पहुंची,गंदगी,छोटे–छोटे कण, धूल और  बैक्टीरिया आदि को जमा नहीं होने देते। इससे लंग्स साफ और सुरक्षित रखने में मदद मिलती है।
फेफड़े साफ कैसे करे

प्रयोग विधि:
  • प्याज को आप खाने में शलाद के रूप में और लहसून को आप खाने के बाद दो कली रोजाना खा सकते है।
  • आप दो कली लहसून को पीस कर एक चम्मच शहद के साथ खाना खाने के पंद्रह मिनट बाद ले सकते है 

अदरक के प्रयोग से फेफड़े साफ करे (Cleanse the lungs using ginger):

अदरक में पाए जाने वाले एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण फेफड़ों से प्रदूषकों को खत्म करने में मदद करता है। अदरक सिर्फ फेफड़ों के लिए ही नहीं बल्कि खांसी,जुकाम और शरीर के बाकी हिस्सों के लिए भी बहुत फायदेमंद होता है। अदरक फेफड़ों की ताकत के लिए, स्वास्थ्य को बढ़ावा देने और सांस लेने में सुधार करने में मदद करता है।
फेफड़े साफ कैसे करे

प्रयोग विधि:
  • आप अदरक की चाय बनाकर पी सकते है।
  • एक छोटा टुकड़ा अदरक का अपने मुंह में ले और उसे टॉफी की तरह चूसते रहे।यह विधि आप रोजाना कर सकते है।
  • आप अदरक के एक दम छोटे टुकड़े को ले और उसे कूट ले,उसके बाद एक चम्मच शहद मिलाकर इसे सुबह शाम खा सकते है।

ग्रीन टी के प्रयोग से फेफड़े को साफ करे (Cleanse the lungs using green tea)

आपको शायद पता ना हो लेकिन ग्रीन टी आपके फेफड़ों के लिए बेहद लाभदायक है। दरअसल, ग्रीन टी में कई एंटीऑक्सिडेंट होते हैं जो फेफड़ों में सूजन को कम करने में मदद कर सकते हैं। इन यौगिकों से फेफड़े के ऊतकों को धुएं के संक्रमण के हानिकारक प्रभावों से भी बचाया जा सकता है
फेफड़े साफ कैसे करे

प्रयोग विधि:
  • आप रोज सुबह शाम एक कप ग्रीन टी का सेवन कर सकते है।
  • ग्रीन टी के पाउडर को आप नाक के द्वारा सूंघ सकते है,जिससे ग्रीन टी के पोषक तत्व फेफड़े तक सांस के माध्यम से पहुंच सकते है।

गुड़ के प्रयोग से फेफड़े को साफ रखे (Keep the lungs clean by using jaggery):

फेफड़े को साफ करने के लिए और उसे मजबूत बनाने के लिए गुण को भी प्रयोग में लाया जा सकता है,क्योंकि एक रिपोर्ट के  मुताबिक, गुड़ को एक क्लींजिंग एजेंट के रूप में जाना जाता है। गुण के प्रयोग से फेफड़ों, पेट, गले और आंतों की सफाई में मदद मिल सकती है। ऐसे में अगर प्रदूषण की वजह से सांस लेने में समस्या हो रही है तो गुड आपकी सहायता कर सकता है।
प्रयोग विधि:
  • आप पानी पीने से पहले थोड़ी सी देशी गुड़ खाकर पानी पिए तो ये आपके लिए बहुत ही फायदेमंद होगा।
  • आप गुण की चाय बनाकर दिन में एक बार पी सकते है

3. हल्दी के प्रयोग से फेफड़े साफ करे (Cleanse the lungs using turmeric):

 हल्दी के प्रायोग् से भी हम अपने फेफड़ो की सफाई कर सकते है,क्योंकि हल्दी में एंटी ऑक्सीडेंट और एंटी एफिलाइट गुण मौजूद होते है जो हमारे फेफड़ों की सफाई करने में अहम भुमिका निभाते हैं। इसके गुण फेफड़ों के कैंसर और फेफड़ों से संबंधित अन्य बीमारियों से बचाव का कार्य करते हैं।
फेफड़े साफ कैसे करे

प्रयोग विधि:
  • दो चुटकी हल्दी को एक चम्मच गुण के साथ मिलाकेर खाने से फेफड़े साफ होने में मदद मिल सकती हैं।
  • एक गिलास दूध में आधा चम्मच हल्दी पाउडर डालकर पीने से भी फायदा हो सकता है,ध्यान रहे गर्मियों में इसका सेवन रोजाना न करे।

शहद के प्रयोग से फेफड़े को साफ करे (Cleanse the lungs using honey):

जब फेफड़ों में समस्या होती है। तो सांस लेने में भी तकलीफ होने लगती है। जिससे खांसी और बलगम जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में शहद आपकी मदद कर सकता है। शहद एक एंटीबायोटिक के रूप में कार्य करता है। इसके सेवन से सांस लेने और फेफड़ों से संबंधित समस्याओं से राहत मिलती है। इसके साथ ही यह रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने, वजन को नियंत्रित करने और शरीर को स्वस्थ रखने का भी कार्य करता है

प्रयोग विधि:

फेफड़े साफ कैसे करे

  • इसे आप सुबह शाम एक चम्मच गुनगुने पानी के साथ पी सकते हैं।
  • एक चम्मच शहद को आप सुबह शाम खा सकते है।

भाप के प्रयोग से फेफड़े को साफ करे (Cleanse the lungs using steam):

भाप विधि द्वारा फेफड़े को साफ करना बहुत ही प्रचलित माना जाता हैं इस विधि से फेफड़ा बहुत ही आसानी से साफ हो जाता है।
प्रयोग विधि:
  • इस विधि में एक पतीले गर्म पानी में एक चम्मच अजवाइन या तुलसी के चार पत्ते डालकर इसे पंद्रह से बीस मिनट तक गर्म कर ले।उसके बाद तौलिए की सहायता से अपने सिर को अच्छे से ढंक ले  भाप को अपने नाकों से फेफड़े तक सांस के द्वारा खींचे और इस सांस को अपने मुंह के माध्यम से बाहर निकाले।
  • पुनः दुबारा भाप को अपने मुंह से सांस के माध्यम से अंदर ले और नाक के द्वारा बाहर छोड़े।
  • ये विधि आप पांच से दस मिनट तक और दिन में दो बार कर सकते है।

फेफड़ो को मजबूत बनाने के लिए प्राणायाम (Pranayama to strengthen the lungs In Hindi):-

फेफड़े को मजबूत बनाने के लिए यहां पर कुछ आसान से प्राणायाम बताए गए है,जिसको आप नियमित तरीके से करने पर फेफड़े से संबंधी बीमारी को ठीक कर सकते है।

अनुलोम–विलोम प्राणायाम:

ये प्राणायाम हमारे फेफड़े को मजबूत बनाने के लिए बहुत ही ज्यादा लाभकारी होता है।
विधि:
  • इस प्राणायाम को करने के लिए आप शांत माहौल में जाए
  • योग मैट पर पद्मासन या सुखासन में बैठ जाएं
  • अब अपने मुंह को बंद कर ले
  • अपने दाए हांथ के अंगुली से नाक के बाए छिद्र को बंद करे
  • अपने दाए नाक के छिद्र से धीरे धीरे सांसों को अंदर की और ले।सांसों को इतना अंदर ले जिससे की आपका दाया फेफड़ा एक दम फूल जाए।

  • अब अपने दाए हांथ की अंगुलियों से बाएं नाक के छिद्र को छोड़कर दाए नाक के छिद्र को बंद कर ले।
  • अब बाए नाक के छिद्र से सांसों को धीरे धीरे करके बाहर की और छोड़े।सांस छोड़ने के बाद ,बाए नाक से सांसों को भरे,और दाएं नाक से छोड़े,फिर दाए नाक से सांस ले,और बाए नाक से सांस छोड़े।
  • ऐसा आप दिन में 20 मिनट तक करे
फेफड़े साफ कैसे करे
लाभ
  • ऐसा करने से आपको अच्छी नींद आयेगी।
  • आप का स्वसन तंत्र मजबूत होगा।
  • आप का मन शांत रहेगा।
  • नकारात्मक विचारो में कमी आयेगी

भ्रामरी प्राणायम:

  • इस प्राणायाम को करने के लिए एक शांत माहौल में जाए

  • योग मैट पर पद्मासन या सुखासन में बैठ जाएं।
  • अपने दोनो हाथो की तर्जनी अंगुली से अपने दोनो कानों को बंद कर ले।
  • अब अपने नाक से सांस को अंदर ले और जब सांस को बाहर छोड़े तो ॐ का उच्चारण करे।
  • इस प्राणायाम से आपकी स्मरण शक्ति मजबूत होगी।

  • आपको नींद अच्छी आएगी।
  • आप के नकारात्मक ऊर्जा समाप्त होने लगेंगी।

  • आपके फेफड़े और स्वशन तंत्र दोनो मजबूत होंगे।
फेफड़े साफ कैसे करे
  • उद्गित प्राणायाम:
  • इस प्राणायाम को करने के लिए आप किसी शांत और हवादार माहौल में जाए।
  • अब योग मैट पर पद्मासन या सुखासन में बैठ जाएं
  • दोनों हाथों की तर्जनी और अंगूठे की नोक को जोड़े ।
  • अपनी आँखें बंद करें और ध्यान केंद्रित करें।
  • साँस लेते और साँस छोड़ते हुए ओम का उच्चारण करें।
  • ओमममममममम की लय के साथ पूरी ध्वनि का जप करें।
  • इस प्रक्रिया को आप कितनी भी बार कर सकते है।

  • इस प्राणायाम को करने से आपका तनाव कम होगा।

  • आप बिलकुल हल्का महसूस करेंगे।
  • आपका फेफड़ा और स्वसन तंत्र मजबूत बनाता है।
  • आप को नींद अच्छी आएगी।
  • नकारात्मक ऊर्जा समाप्त होने लगेंगी
फेफड़े साफ कैसे करे

फेफड़ा खराब होने पर कितना दिन तक जीवित रह सकता है आदमी (How long can a man survive if his lungs are damaged?):

व्यक्ति का अगर एक फेफड़ा खराब है तो वो एक फेफड पर जिंदा रह सकता है, परंतु वो पहले के जैसे शारीरिक कार्य करने में असमर्थ हो सकता है,लेकिन अगर व्यक्ति के दोनो फेफड़े खराब हो जाए तो ऐसे में कुछ कहा नहीं जा सकता है की व्यक्ति कितने दिनों तक जिंदा रह सकता है,क्योंकि हमारे शरीर में ऑक्सीजन पहुंचने और कार्बन डाइऑक्साइड निकालने का कार्य हमारा फेफड़ा ही करता है, अगर यही फेफड़े ही खराब हो जाए तो व्यक्ति बहुत ज्यादा दिनो तक जिंदा नहीं रह सकता है।परंतु हाल ही में हमारे वैज्ञानिकों ने आर्टिफिशियल फेफड़े का निर्माण किया है, जिसके कारण से अब व्यक्ति के अगर फेफड़े खराब हो गए है तो वो इस आर्टिफिशियल फेफड़े के माध्यम से कई वर्षो तक जीवित रह सकते है। या यू कहा जाए की वो एक सामान्य जिंदगी जी सकते है।

फेफड़े खराब होने से जुड़ी एक सच्ची कहानी:
दरअसल एक 32 वर्षीय महिला मरीज को खांसी और सांस लेने में तकलीफ के चलते एम्स भोपाल एडमिट किया गया। यहां आने पर पता चला कि उस महिला मरीज, फेफड़े की गंभीर बीमारी एआरडीएस से पीड़ित है। संभवत: वायरल बुखार के चलते मरीज के फेफड़े बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए थे, जिससे वह शरीर को पर्याप्त मात्रा में आक्सीजन नहीं दे पा रहे थे। ऐसे में मरीज को तत्काल रेस्पिरेटरी इंटेंसिव केयर यूनिट (RICU) में भर्ती किया गया। यहां मरीज की हालत को देखते हुए पहले वेंटीलेटर पर और बाद में करीब दो सप्ताह एक्मो मशीन पर रखा गया करीब दो सप्ताह तक मरीज को कृत्रिम तरीके से सांस दी गई और इस दौरान महिला के फेफड़े पूरी तरह आराम करते रहे। फेफड़े सेल्फ रिकवर आर्गन होते हैं जो खुद को ठीक कर लेते हैं। अगर आराम मिले तो फेफड़े अपने को खुद ठीक कर लेते हैं। 48 दिनों तक (RICU) में उपचार के बाद मरीज की हालत मे सुधार होता देख सभी सहायक नलियों को हटाया गया और अब मरीज बिल्कुल ठीक है।

क्या है ईसीएमओ मशीन:
एक्सट्राकार्पोरियल मेंब्रेन आक्सीजिनेशन (extracorporeal membrane oxygenation) (ईसीएमओ) एक एडवांस तकनीक है, जो लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर काम करती है। यह शरीर से रक्त को निकालती है, उसे ओक्सिजनेट (oxygenate) करती है, उस रक्त से कार्बन डाइआक्साइड को बाहर करती है, फिर शरीर में उसी रक्त को वापस भेजती है। जिससे रोगी के क्षतिग्रस्त अंग या दिल की गति ठीक हो जाती है।

निष्कर्ष (conclusion):

मैंने इस लेख में फेफड़े कैसे साफ करे, फेफड़ा खराब होने पर कितना दिन तक जीवित रह सकता है आदमी और फेफड़े से संबंधित कुछ विशेष बातों को स्पष्ट रूप से बताने की कोशिश की है,उम्मीद है की आपको मेरा ये लेख पसंद आया होगा,अगर आप मुझसे स्वास्थ्य से संबंधित कोई भी सवाल पूछना चाहते हैं तो आप कमेंट बॉक्स में पूछ सकते हैं, मैं आपके प्रश्नों के उत्तर देने की पूरी कोशिश करूंगी धन्यवाद!

डिस्क्लेमर:
यह लेख केवल सामान्य जानकारी हेतु है,ये किसी भी प्रकार से किसी भी दवा का विकल्प नहीं हो सकता है,अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श ले।

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2 टिप्पणियाँ

  1. Agar 1 fefada pura kharab aur dusra 50 parcent hi work karta hai aane 50 parcent kharab hai to vo insaan kit ni din Tak jivit rah sakta hai

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    1. कृपया आप अपनी परेशानी को मेरे कॉन्टैक्ट ईमेल पर स्पष्ट रूप से बताए ताकि मै आपकी समस्या का उचित जवाब दे सकू

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